03
Gemini_Generated_Image_yb399pyb399pyb39
previous arrow
next arrow
Shadow

उत्तराखंड में प्री SIR के दौरान संदिग्ध मामलों का खुलासा, EC सख्त

Spread the love

एफएनएन, देहरादून: उत्तराखंड में जल्द ही विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) का काम शुरू होने की उम्मीद है. हालांकि इससे पहले प्री SIR पर राज्य में काफी समय से कसरत हो रही है. उसके लिए निर्वाचन आयोग राजनीतिक दलों के साथ भी मिलकर जरूरी प्रक्रिया को आगे बढ़ा रहा है. लेकिन खास बात यह है कि प्री SIR के दौरान कुछ ऐसे तथ्य सामने आए हैं, जिस पर निर्वाचन आयोग ने बेहद गंभीरता के साथ काम शुरू कर दिया है. मामला मतदाताओं का दोहरी मतदाता सूची में शामिल होने से जुड़ा है, जिसपर बड़ी संख्या में मतदाताओं को चिन्हित किया गया है.

मतदाता सूची की जांच के दौरान एक ही मतदाता को अलग अलग जगहों पर सूची में शामिल होना पाया गया है. जिसको लेकर निर्वाचन आयोग आगे की कार्यवाही में जुट गया है. दरअसल मतदाता सूची में ऐसे कई नाम है जो दूसरे क्षेत्रों में भी मैच हुए हैं. इसमें मतदाता के नाम के अलावा उनके पिता का नाम भी एक जैसा पाया गया है. जिसके बाद निर्वाचन आयोग को ऐसे मामलों में दोहरी वोटर आईडी का शक है. जाहिर है कि ऐसे प्रकरण सामने आने के बाद अब आयोग इन पर होमवर्क करने में जुट गया है.

जानकारी के अनुसार निर्वाचन आयोग को ऐसे करीब 2 लाख मामले दिखाई दिए हैं. यह सभी मामले दोहरी वोटर आईडी को लेकर संदिग्ध है, लिहाजा इसपर स्थिति स्पष्ट की जा रही है. ऐसे मामलों में सूची में शामिल मतदाताओं को नोटिस भेज कर उनसे पूछा जाएगा, ताकि यह स्पष्ट किया जा सके कि कहीं दोहरी मतदाता सूची में मतदाता द्वारा जगह तो नहीं बनाई है यानी मतदाता का नाम दो जगहों की मतदाता सूची में तो नहीं है.

वैसे तो पर्वतीय जनपदों से लेकर मैदानी जनपदों में भी ऐसे मामले सामने आए हैं, लेकिन इसमें सबसे ज्यादा संदिग्ध प्रकरण देहरादून जिले के हैं. जिसपर निर्वाचन आयोग अब स्थिति स्पष्ट करने के लिए आगे की कार्रवाई में जुट गया है. ये स्पष्ट है कि ये करीब 2 लाख मामले संदिग्ध हैं और पूरी जांच और मतदाताओं के जवाब के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि इसमें कितने मामले वास्तव में दोहरी वोटर आईडी से जुड़े हैं.

निर्वाचन आयोग को ऐसे मामलों पर गंभीरता बढ़ाते हुए मतदाताओं को एक ही जगह या सूची में शामिल करना चाहिए और जिन मतदाताओं के दो जगह यह सूची में नाम है उनके एक जगह से नाम काट देने चाहिए.
अमरेंद्र बिष्ट कांग्रेस नेता
उत्तराखंड में दोहरी वोट आईडी का मामला पंचायत चुनाव के दौरान भी काफी तूल पकड़ा था और हाईकोर्ट ने ऐसे प्रत्याशियों को चुनाव लड़ने से रोकने के आदेश भी दिए थे जिनमें दो जगह पर मतदाता सूची में नाम है. इसके अलावा यह मामला अब भी हाईकोर्ट से लेकर डिस्ट्रिक्ट कोर्ट तक में चल रहा है. खास बात यह है कि ऐसे एक दो नहीं बल्कि करीब 800 से 1000 मामले कोर्ट में विचाराधीन हैं.
यह मामला हाईकोर्ट में जब उठाया था तब हाई कोर्ट ने भी इसे गंभीर माना था और निर्वाचन आयोग को भी निर्देश जारी किए थे. इससे न केवल चुनाव में सही परिणाम नहीं मिल पाए बल्कि चुनाव प्रभावित होने की भी संभावना बनी रहती है. इसलिए इस पर निर्वाचन आयोग को गंभीरता दिखानी चाहिए.
शक्ति सिंह, समाजसेवी
इस प्रकरण पर भारतीय जनता पार्टी भी दोहरी वोटर आईडी वाले मतदाताओं को सूची से हटाने के पक्ष में दिखाई देती है. कैबिनेट मंत्री खजानदास कहते हैं कि प्री SIR के दौरान निर्वाचन आयोग बेहतर काम कर रहा है जहां तक दो मतदाता सूची में नाम का सवाल है तो इस पर भी आयोग की तरफ से काम किया जाएगा उन्हें पूरी उम्मीद है.

Hot this week

Uttarakhand में लागू हुई स्टेट मिलेट पॉलिसी, किसानों की आय बढ़ाने पर धामी सरकार का जोर

एफएनएन, देहरादून : Uttarakhand सरकार राज्य के किसानों को आर्थिक...

Tehri के जाखणीधार में नाबालिग से छेड़छाड़ का आरोप, मीट व्यापारी गिरफ्तार

एफएनएन, टिहरी : Tehri उत्तराखंड के टिहरी गढ़वाल जिले...

Rudrapur में तराई विकास संघ चुनाव से पहले बवाल, डेलीगेट्स सूची पर उठा विवाद

एफएनएन, रुद्रपुर : Rudrapur में तराई विकास संघ के चुनाव...

Topics

दिनेशपुर में स्विमिंग पूल में नहाते समय युवक की संदिग्ध मौत

एफएनएन, रुद्रपुर : उत्तराखंड के उधम सिंह नगर जिले के...

Chakrata जा रहे पर्यटकों की कार 250 मीटर गहरी खाई में गिरी, दो की मौत, तीन गंभीर

एफएनएन, देहरादून : Chakrata उत्तराखंड के चकराता क्षेत्र में...
spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img