03
Gemini_Generated_Image_yb399pyb399pyb39
previous arrow
next arrow
Shadow

बलूच नेता ने PAK से आजादी का ऐलान किया: कहा- बलूचिस्तान पाकिस्तान का हिस्सा नहीं

Spread the love

एफएनएन, इस्लामाबाद: बलूच नेता मीर यार बलूच ने बुधवार को पाकिस्तान से बलूचिस्तान की आजादी का ऐलान किया। उन्होंने इसके पीछे दशकों से बलूच लोगों के मानवाधिकार हनन, किडनैपिंग और हिंसा का हवाला दिया। मीर यार बलूच ने X पोस्ट में कहा- बलूचिस्तान के लोगों ने अपना “राष्ट्रीय फैसला” दे दिया है और दुनिया को अब चुप नहीं रहना चाहिए। आओ हमारा साथ दो। उन्होंने लिखा कि बलूच लोग सड़कों पर हैं और यह उनका राष्ट्रीय फैसला है कि बलूचिस्तान पाकिस्तान का हिस्सा नहीं है और दुनिया अब और मूक दर्शक नहीं रह सकती। उन्होंने भारत और ग्लोबल समुदाय से बलूचिस्तान की आजादी के लिए मान्यता और समर्थन मांगा।

पाकिस्तान PoK के लोगों को ढाल जैसे इस्तेमाल कर रहा

मीर यार ने भारतीय मीडिया, यूट्यूबर्स और भारतीय बुद्धिजीवियों से अपील की कि वो बलूचों को पाकिस्तान के लोग न कहें। हम पाकिस्तानी नहीं, बलूचिस्तानी हैं। पाकिस्तान के अपने लोग पंजाबी हैं, जिन्हें कभी हवाई बमबारी, किडनैपिंग या नरसंहार का सामना नहीं करना पड़ा।

उन्होंने पाकिस्तान के कब्जे वाले जम्मू-कश्मीर (PoK) पर भारत के रुख का समर्थन किया। अंतरराष्ट्रीय समुदाय से पाकिस्तान पर इस इलाके को खाली करने के लिए दबाव डालने की अपील की।

मीर यार ने कहा- भारत पाकिस्तानी सेना को हरा सकता है। अगर पाकिस्तान ने ध्यान नहीं दिया, तो खूनखराबे के लिए सिर्फ पाकिस्तानी सेना के लालची जनरल जिम्मेदार होंगे, क्योंकि इस्लामाबाद PoK के लोगों को ढाल के तौर पर इस्तेमाल कर रहा है।

बलूचिस्तान को विदेशी ताकतों की मदद के कब्जा किया गया

मीर यार बलूच के मुताबिक दुनिया को बलूचिस्तान पर पाकिस्तान के दावों को स्वीकार नहीं करना चाहिए। उन्होंने कहा कि बलूचिस्तान को विदेशी ताकतों की मदद से जबरन कब्जा किया गया था।

बलूचिस्तान में लंबे वक्त से मानवाधिकार हनन हो रहा है। पाकिस्तानी सेना और पुलिस लोगों पर हमले करती है। यहां विदेशी मीडिया की पहुंच बहुत सीमित है, इस वजह से बलूचिस्तान से जुड़ी खबरें बाहर नहीं आ पाती हैं।

बलूचिस्तान की आजादी के लिए लड़ रहा है BLA

बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) एक संगठन है जो पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत की स्वतंत्रता के लिए लड़ रहा है। इसकी स्थापना 2000 के दशक की शुरुआत में हुई और इसे कई देशों द्वारा आतंकी संगठन भी घोषित किया गया है।

BLA का दावा है कि बलूचिस्तान के प्राकृतिक संसाधनों का शोषण हो रहा है और बलूच लोगों के अधिकार छीन लिए गए हैं। यह संगठन पाकिस्तानी सेना, सरकार और चीनी प्रोजेक्ट्स जैसे CPEC को निशाना बनाता रहा है।

BLA अपनी गुरिल्ला शैली के लिए जाना जाता है। यानी पहाड़ी इलाकों में छिपकर सेना पर हमला करना और तुरंत वापस लौट जाना।

क्या आखिरकार पाकिस्तान से अलग हो जाएगा बलूचिस्तान?

पाक सेना प्रमुख जनरल आसिम मुनीर ने कुछ दिन पहले एक बयान में कहा कि बलूचिस्तान में महज 1500 लोगों की वजह से अशांति फैली है और वो पाकिस्तान की लाखों की प्रोफेशनल फौज का कुछ नहीं बिगाड़ सकते। ब्रिटिश ह्यूमन राइट एक्टिविस्ट पीटर टैचेल का मानना है कि पाकिस्तान बलूचिस्तान की स्वतंत्रता में देरी कर सकता है, लेकिन इसे हमेशा के लिए रोका नहीं जा सकता। उन्होंने बलूच संघर्ष की तुलना वियतनाम के आंदोलन से की है।

बलूच लेखक मीर यार का कहना है कि बलूचिस्तान अब आजादी से सिर्फ दो कदम दूर है। उन्होंने इसकी 1971 के बांग्लादेश की स्थिति से तुलना करते हुए कहा कि पाकिस्तान की सेना और खुफिया एजेंसियां इस वास्तविकता को स्वीकार नहीं कर रही हैं। साल 1540 की बात है, भारत के पहले मुगल शासक बाबर के बेटे हुमायूं को बिहार के शेरशाह सूरी ने युद्ध में हरा दिया। हुमायूं भारत से भाग खड़ा हुआ। उसने फारस यानी ईरान में शरण ली। 1545 में शेरशाह सूरी की मौत हो गई

Hot this week

Silkyara Tunnel हादसे की होगी मजिस्ट्रेट जांच, DM प्रशांत आर्य ने 15 दिन में मांगी रिपोर्ट

एफएनएन, बडकोट : Silkyara Tunnel यमुनोत्री हाईवे पर निर्माणाधीन...

Uttarkashi सिलक्यारा टनल में बड़ा हादसा, कंक्रीट लाइनिंग गिरने से 21 वर्षीय श्रमिक की मौत

एफएनएन, उत्तरकाशी : Uttarkashi जिले में निर्माणाधीन सिलक्यारा टनल...

Kedarnath पैदल मार्ग पर गहरी खाई में गिरा युवक, SDRF ने रातभर चले रेस्क्यू ऑपरेशन में बचाई जान

एफएनएन, देहरादून : Kedarnath रुद्रप्रयाग जिले में केदारनाथ पैदल...

Topics

Uttarkashi सिलक्यारा टनल में बड़ा हादसा, कंक्रीट लाइनिंग गिरने से 21 वर्षीय श्रमिक की मौत

एफएनएन, उत्तरकाशी : Uttarkashi जिले में निर्माणाधीन सिलक्यारा टनल...
spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img