एफएनएन, देहरादून : उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 4 जुलाई 2026 को बतौर मुख्यमंत्री अपने पांच वर्ष पूरे कर लिए हैं। इसके साथ ही 9 जुलाई को वह प्रदेश के इतिहास में सबसे लंबे समय तक मुख्यमंत्री रहने वाले नेता बन जाएंगे। भाजपा इस अवसर को विशेष उपलब्धि के रूप में मना रही है, जबकि विपक्ष सरकार के कामकाज को लेकर सवाल उठा रहा है।
मुख्यमंत्री धामी ने 4 जुलाई 2021 को पहली बार उत्तराखंड की कमान संभाली थी। इसके बाद 2022 के विधानसभा चुनाव में भाजपा ने उनके नेतृत्व में बहुमत हासिल किया। हालांकि धामी अपनी पारंपरिक खटीमा सीट से चुनाव हार गए थे, लेकिन पार्टी नेतृत्व ने उन पर भरोसा कायम रखा और दोबारा मुख्यमंत्री बनाया। बाद में उन्होंने चंपावत विधानसभा उपचुनाव जीतकर विधानसभा की सदस्यता हासिल की।
धामी सरकार अपने पांच साल के कार्यकाल में कई अहम फैसलों को बड़ी उपलब्धि बता रही है। इनमें समान नागरिक संहिता (UCC) लागू करना, सख्त नकल विरोधी कानून, संशोधित धर्मांतरण विरोधी कानून, सशक्त भू कानून, सरकारी नौकरियों में महिलाओं को 30 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण, अतिक्रमण हटाने का अभियान और उत्तराखंड अल्पसंख्यक शिक्षा अधिनियम प्रमुख हैं। सरकार का दावा है कि इन वर्षों में 31 हजार से अधिक सरकारी नौकरियां दी गई हैं और भ्रष्टाचार के मामलों में भी सख्त कार्रवाई की गई।
इस दौरान राज्य ने कई महत्वपूर्ण आयोजनों की सफल मेजबानी भी की। वर्ष 2023 में जी-20 की बैठकों का आयोजन ऋषिकेश, नरेंद्रनगर और रामनगर में हुआ। वहीं ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के जरिए बड़े निवेश प्रस्ताव आकर्षित किए गए। इसके अलावा उत्तराखंड ने 38वें नेशनल गेम्स की मेजबानी कर राष्ट्रीय स्तर पर भी सराहना हासिल की।
धामी सरकार के सामने प्राकृतिक आपदाएं भी बड़ी चुनौती बनकर आईं। जोशीमठ भू-धंसाव, सिलक्यारा टनल रेस्क्यू, केदारनाथ और धराली जैसी आपदाओं के दौरान मुख्यमंत्री ने मौके पर पहुंचकर राहत एवं बचाव कार्यों की लगातार निगरानी की। सरकार का दावा है कि संकट की परिस्थितियों में त्वरित निर्णय और बेहतर समन्वय से नुकसान को कम करने का प्रयास किया गया।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि वह इस रिकॉर्ड को किसी प्रतिस्पर्धा के रूप में नहीं देखते। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री एन.डी. तिवारी सहित राज्य के सभी पूर्व मुख्यमंत्रियों से मिली सीख का उल्लेख करते हुए कहा कि उनके अनुभवों ने उन्हें बेहतर तरीके से काम करने की प्रेरणा दी है।
वहीं भाजपा नेताओं का कहना है कि धामी सरकार के कई फैसलों ने राष्ट्रीय स्तर पर उत्तराखंड की अलग पहचान बनाई है। दूसरी ओर कांग्रेस का आरोप है कि सरकार उपलब्धियों का बढ़ा-चढ़ाकर प्रचार कर रही है और विकास के मामले में पूर्ववर्ती सरकारों के रिकॉर्ड तक नहीं पहुंच पाई है। इस बीच भाजपा 4 से 10 जुलाई तक सरकार के पांच साल पूरे होने पर विभिन्न कार्यक्रम आयोजित करने की तैयारी में है।






