एफएनएन, रुद्रप्रयाग : Kedarnath धाम की यात्रा के दौरान शुक्रवार सुबह चीरबासा हेलीपैड के समीप अचानक पहाड़ी से भारी मात्रा में मलबा और बड़े पत्थर पैदल मार्ग पर आ गिरे। मलबा गिरने से मार्ग का एक हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया और यात्रियों की आवाजाही के लिए असुरक्षित हो गया। घटना में फिलहाल किसी जनहानि की सूचना नहीं है।
गौरीकुंड से केदारनाथ जाने वाले यात्रियों को रोका
चीरबासा क्षेत्र में लगातार मलबा गिरने की सूचना के बाद प्रशासन ने यात्रियों की सुरक्षा को देखते हुए गौरीकुंड से केदारनाथ धाम की ओर पैदल आवाजाही तत्काल रोक दी। शुक्रवार सुबह करीब 11 बजे सेक्टर अधिकारी गौरीकुंड ने फोन के माध्यम से जिला प्रशासन को मार्ग अवरुद्ध होने की जानकारी दी। सूचना मिलते ही प्रशासन और आपदा प्रबंधन विभाग की टीमें सक्रिय हो गईं।
सुरक्षित स्थानों पर रोके गए यात्री
सुरक्षा के मद्देनजर गौरीकुंड से केदारनाथ की ओर जा रहे यात्रियों को रास्ते में ही सुरक्षित स्थानों पर रोक दिया गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि मार्ग की स्थिति सामान्य और सुरक्षित होने तक पैदल आवाजाही प्रतिबंधित रहेगी। संवेदनशील क्षेत्र को देखते हुए प्रशासन किसी भी तरह का जोखिम नहीं लेना चाहता।
DDMA की टीमें मलबा हटाने में जुटीं
पैदल मार्ग को जल्द सुचारू करने के लिए जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (DDMA) की टीमें मौके पर पहुंच गई हैं। टीमों की ओर से मार्ग पर गिरे मलबे और बड़े पत्थरों को हटाने का काम लगातार किया जा रहा है। साथ ही पहाड़ी से दोबारा मलबा या पत्थर गिरने की आशंका को देखते हुए क्षेत्र की निगरानी भी की जा रही है।
DEOC से लगातार की जा रही निगरानी
जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र (DEOC) चीरबासा क्षेत्र की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है। मौके पर तैनात टीमों और संबंधित विभागों के साथ समन्वय कर मार्ग की स्थिति तथा यात्रियों की सुरक्षा को लेकर लगातार जानकारी जुटाई जा रही है।
मार्ग सुरक्षित होने के बाद ही शुरू होगी यात्रा
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार ने बताया कि चीरबासा हेलीपैड के समीप पहाड़ी से मलबा और पत्थर आने के कारण केदारनाथ पैदल मार्ग बाधित हुआ है। यात्रियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए फिलहाल पैदल आवाजाही रोक दी गई है। उन्होंने बताया कि DDMA की टीमें मलबा हटाने में जुटी हैं। मार्ग पूरी तरह सुरक्षित और सुचारू होने के बाद ही यात्रा दोबारा शुरू की जाएगी। यात्रा बहाल करने को लेकर प्रशासन की ओर से अलग से सूचना जारी की जाएगी।







