03
Gemini_Generated_Image_yb399pyb399pyb39
WhatsApp Image 2026-08-14 at 9.45.28 AM
previous arrow
next arrow
Shadow

पर्यावरण दिवस पर लें ये पांच संकल्प, धरती बन सकती है स्वर्ग

Spread the love

एफएनएन, नई दिल्ली: हर साल 5 जून को विश्व पर्यावरण दिवस मनाया जाता है ताकि लोगों को प्रकृति और पर्यावरण के प्रति जागरूक किया जा सके। बढ़ता प्रदूषण, ग्लोबल वॉर्मिंग, जलवायु परिवर्तन जैसी समस्याएं आज हमारे अस्तित्व को चुनौती दे रही हैं। ऐसे में जरूरी है कि हम सिर्फ बातें न करें, बल्कि छोटे-छोटे कदम उठाकर बड़ा बदलाव लाएं। इस पर्यावरण दिवस पर हमें पांच सरल लेकिन प्रभावशाली संकल्प लेने चाहिए, जो न सिर्फ पृथ्वी को बचाएंगे, बल्कि इसे फिर से स्वर्ग बना सकते हैं। अगर हर नागरिक यह पांच संकल्प भी पूरी ईमानदारी से अपनाए तो आने वाली पीढ़ियों को एक हरी-भरी और स्वच्छ धरती दी जा सकती है। यहां पर्यावरण को बचाने के लिए पांच संकल्पों के बारे में बताया जा रहा है जो हर नागरिक को लेना चाहिए।

पेड़ लगाएं

पेड़ हमारे सबसे बड़े जीवनदाता हैं। वे ऑक्सीजन देते हैं, प्रदूषण कम करते हैं और तापमान नियंत्रित करते हैं। हर साल कम से कम 5 पेड़ लगाना और उनकी देखभाल करना धरती के लिए एक अनमोल तोहफा होगा। पर्यावरण दिवस के मौके पर लोग पौधे तो लगा देते हैं लेकिन अगले दिन उन्हें भूल जाते हैं। अपने लगाएं पौधे की जिम्मेदारी लें।

प्लास्टिक से दूरी

सिंगल यूज़ प्लास्टिक समुद्र, नदियों और जानवरों के लिए जानलेवा है। संकल्प लें कि प्लास्टिक या पाॅलिथिन का उपयोग कम करेंगे। कपड़े या जूट के बैग का बैग का इस्तेमाल करें। बाजार जाते समय जूट या कपड़े का बैग लेकर जाएं। यह छोटा सा कदम प्लास्टिक प्रदूषण को काफी हद तक कम कर सकता है।

बिजली-पानी की बर्बादी रोकें

बिजली बचाना मतलब ऊर्जा बचाना, और पानी बचाना मतलब जीवन बचाना। नल खुला न छोड़ें, अनावश्यक लाइट्स और उपकरण बंद करें। यह न सिर्फ पर्यावरण के लिए अच्छा है बल्कि आपके बिल के लिए भी। घर के सदस्यों और अन्य को भी बिजली-पानी के दुरुपयोग के बारे में जागरूक करें

पब्लिक ट्रांसपोर्ट का उपयोग करें

हर छोटी दूरी के लिए गाड़ी का इस्तेमाल ना करें। गाड़ियों से प्रदूषण बढ़ता है। इसे रोकने के लिए पैदल चलें, साइकिल चलाएं या सार्वजनिक परिवहन का इस्तेमाल करें। इससे वायु प्रदूषण कम होगा और सेहत भी बेहतर रहेगी।

कचरे की रीसाइक्लिंग

गीला और सूखा कचरा अलग करें। जैविक कचरे से खाद बनाएं और रीसायक्लिंग को जीवनशैली का हिस्सा बनाएं। यह हमारे कूड़ा प्रबंधन की सबसे जरूरी और प्रभावी पहल है।

Hot this week

Haldwani में 9 सितंबर को भाजपा प्रदेश कार्यसमिति की बैठक, नितिन नवीन के दौरे पर भी नजर

एफएनएन, उत्तराखंड : Haldwani भाजपा की प्रदेश कार्यसमिति की...

Ramnagar में बढ़ा बाढ़ का खतरा, गर्जिया मंदिर में श्रद्धालुओं की एंट्री बंद

एफएनएन, रामनगर : Ramnagar पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो...

Topics

Kumaon Heavy Rain : 100 से ज्यादा सड़कें बंद; कई इलाकों का संपर्क कटा

एफएनएन, अल्मोड़ा/पिथौरागढ़/बागेश्वर/नैनीताल : Kumaon Heavy Rain उत्तराखंड के कुमाऊं...
spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img