03
Gemini_Generated_Image_yb399pyb399pyb39
WhatsApp Image 2026-08-14 at 9.45.28 AM
previous arrow
next arrow
Shadow

Nepal में भीषण बाढ़ से मौतों का आंकड़ा 1,127 पहुंच गया है, जबकि राहत और बचाव अभियान लगातार जारी

एफएनएन, काठमांडू : Nepal में बाढ़ और भूस्खलन से हुई तबाही के बाद मौतों का आंकड़ा लगातार बढ़ता जा रहा है। नेपाल पुलिस के मुताबिक, बुधवार तक बाढ़ से मरने वालों की संख्या बढ़कर 1,127 हो गई है। अलग-अलग जिलों से बड़ी संख्या में शव बरामद किए गए हैं, जबकि कई लोगों की पहचान अभी तक नहीं हो पाई है।

नेपाल पुलिस के अनुसार, रासुवा से 45, नुवाकोट से 155, धाडिंग से 59, चितवन से 348, गोरखा से 66, तनाहुन से 38, नवलपरासी ईस्ट से 217 और नवलपरासी वेस्ट से 190 शव बरामद किए गए हैं। इसके अलावा भारत में भी 9 शव मिलने की जानकारी दी गई है।

अब तक बरामद शवों में से सिर्फ 95 शवों की पहचान हो पाई है और उन्हें उनके परिवारों को सौंप दिया गया है। बाकी शवों की पहचान के लिए प्रशासन वैज्ञानिक प्रक्रिया और डीएनए सैंपल की मदद ले रहा है।

नेपाल के प्रधानमंत्री बालेन्द्र शाह ने एक दिन पहले सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए बताया था कि जिन शवों की पहचान नहीं हो पाई है, उनका प्रबंधन कानून के मुताबिक वैज्ञानिक तरीके से किया जा रहा है। सरकार डीएनए सैंपल और पहचान में मदद करने वाले अन्य जरूरी सबूत सुरक्षित रख रही है।

शवों के प्रबंधन और राहत कार्य में नेपाली सेना, नेपाल पुलिस और नेपाल आर्म्ड पुलिस फोर्स की टीमें जुटी हुई हैं। पहचान होने के बाद शवों को उनके परिजनों को सौंपा जा रहा है।

भारत-चीन की रेस्क्यू टीमें भी मैदान में

इस बीच, नेपाल के विदेश मंत्रालय ने भोटे कोशी नदी में आई भीषण बाढ़ के बाद राहत और बचाव अभियान को लेकर बड़ा अपडेट दिया है। मंत्रालय के मुताबिक, महत्वपूर्ण हाइड्रोपावर साइट्स पर नेपाली सेना के साथ भारत और चीन की विशेष अंतरराष्ट्रीय टनल रेस्क्यू टीमों को भी तैनात किया गया है।

काठमांडू में हुई आधिकारिक प्रेस ब्रीफिंग में विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता लोक बहादुर छेत्री ने बताया कि भूमिगत और बेहद जोखिम वाले इलाकों में बचाव अभियान चलाने के लिए विशेष तकनीकी विशेषज्ञता का इस्तेमाल किया जा रहा है।

उन्होंने कहा कि सरकार की तत्काल प्राथमिकता लोगों की जान बचाना, लापता लोगों की तलाश करना, फंसे हुए लोगों को सुरक्षित निकालना और प्रभावित लोगों तक तत्काल राहत पहुंचाना है। सरकार यह भी सुनिश्चित कर रही है कि आपदा से प्रभावित नेपाली नागरिकों के साथ-साथ विदेशी नागरिकों को भी जरूरी सहायता और सहयोग मिले।

नेपाल में बाढ़ के बाद बड़े पैमाने पर राहत और बचाव अभियान जारी है। सेना, पुलिस और अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञ टीमें प्रभावित क्षेत्रों में लगातार काम कर रही हैं।

Hot this week

Girdhari Sahu की पहली शादी से अनजान थीं रेखा आर्य, पति पर लगे आरोपों की जांच करेगी 10 सदस्यीय SIT

एफएनएन, देहरादून : Girdhari Sahu उत्तराखंड की महिला सशक्तिकरण...

CJI Kumaon Zone की नई कार्यकारिणी घोषित, अशोक अग्रवाल अध्यक्ष और सौरभ अग्रवाल उपाध्यक्ष नियुक्त

एलएससी इंफ्राटेक लिमिटेड के निदेशक सौरभ अग्रवाल को मिली...

Topics

Bail is Rule है, जेल एक अपवाद : पीके गोस्वामी

एफएनएन, मुरादाबाद : Bail is Rule बार एसोसिएशन एंड...
spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img