03
Gemini_Generated_Image_yb399pyb399pyb39
WhatsApp Image 2026-08-14 at 9.45.28 AM
previous arrow
next arrow
Shadow

होली और महिला दिवस पर सरस काव्य गोष्ठी, शिक्षिका-कवयित्री राजबाला धैर्य का अभिनन्दन भी

फ्रंट न्यूज नेटवर्क ब्यूरो, बरेली। प्रतिष्ठित साहित्यिक संस्था ‘कवि गोष्ठी आयोजन समिति‘ के तत्वावधान में बदायूं रोड स्थित साउथ सिटी में सुकवि मिलन कुमार 'मिलन' के संयोजन में अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस एवं होली के उपलक्ष्य में सरस काव्य संध्या, होली मिलन एवं सम्मान कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

समारोह की अध्यक्षता साहित्यकार रणधीर प्रसाद गौड़ 'धीर' ने की। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि वरिष्ठ कवयित्री शिव रक्षा पांडेय तो वहीं विशिष्ट अतिथि प्रख्यात कवि डॉ. मुकेश 'मीत' रहे। माँ शारदे के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। माँ वाणी की सरस-मधुर वंदना पुष्पा गंगवार 'पूनम' ने प्रस्तुत की। इस अवसर पर समाज में महिलाओं के योगदान और आत्मनिर्भरता को सम्मान देने के उद्देश्य से दिव्यांग बच्चों के लिए अनूठा कार्य कर रहीं शिक्षिका, ‘विशिष्ट बचपन‘ की संपादिका एवं वरिष्ठ कवयित्री राजबाला 'धैर्य' को उनके उल्लेखनीय कार्यों के लिए 'महिला जागृति सम्मान' एवं साहित्यकार बृजेन्द्र तिवारी 'अकिंचन' को 'काव्य शिरोमणि सम्मान' से विभूषित किया गया।

इन तीनों विभूतियों को सम्मान स्वरूप शॉल, प्रशस्ति पत्र एवं स्मृति चिन्ह संस्था के अध्यक्ष रणधीर प्रसाद गौड़, सचिव उपमेंद्र सक्सेना एडवोकेट एवं कार्यक्रम संयोजक मिलन कुमार 'मिलन' द्वारा प्रदान किया गया। फगुनाय मौसम का उतरता रंग और बासंती हवा का सुगंधित उन्माद होली में स्नेह और अपनेपन का आनंद उड़ेलकर चला तो गया किंतु ये उमंग और उल्लास अभी भी अपना अहसास करा रहा है इसी श्रृंखला में एक दिवस और जुड़ गया जब होली मिलन कार्यक्रम में फूलों से होली खेल कर कवि एक दूसरे से गले मिलै और अपने सरस काव्य पाठ से सभी को मंत्र मुग्ध कर दिया। सम्मानित कवयित्री राजबाला 'धैर्य' ने नारी सम्मान में अपनी रचना इस प्रकार प्रस्तुत की –

धर्म संगिनी,कर्म संगनि,रिश्तों की मर्यादा ढोती।
हँसी बाँटकर सारे घर को,छुप- छुप आप अकेले रोती।
एक नहीं दो- दो मात्राएँ,नारी होती नर से भारी।
संस्था के सचिव उपमेंद्र सक्सेना एडवोकेट ने कहा कि महिलाओं की मेहनत, आत्मविश्वास और संघर्ष आज पूरे समाज के लिए प्रेरणा बन रहे हैं। वे न केवल आत्मनिर्भरता का अनूठा उदाहरण हैं बल्कि अन्य महिलाओं को भी आगे बढ़ने के लिए प्रेरित कर रही हैं। उन्होंने कहा कि महिला सशक्तिकरण केवल एक नारा नहीं, बल्कि समाज की प्रगति की आधारशिला भी है।

कार्यक्रम में संस्था के सचिव गीतकार उपमेंद्र सक्सेना एडवोकेट, कार्यक्रम संयोजक मिलन कुमार ‘मिलन’, कविता, दीपक मुखर्जी ‘दीप’, डॉ दीपंकर गुप्त, पुष्पा गंगवार ‘पूनम’, बाबूराम वर्मा, रामकुमार अफरोज, मनोज सक्सेना, राजकुमार अग्रवाल, समृद्धि गंगवार, संध्या श्रीवास्तव एवं विवेक विद्रोही आदि उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन मनोज दीक्षित ‘टिंकू’ ने किया।

Hot this week

Kedarnath यात्रा कॉरिडोर में पर्यावरण उल्लंघन के आरोप, NGT ने उत्तराखंड सरकार से मांगा जवाब

एफएनएन , देहरादून : उत्तराखंड के सोनप्रयाग-गौरीकुंड-केदारनाथ तीर्थयात्रा कॉरिडोर...

Topics

Kedarnath यात्रा कॉरिडोर में पर्यावरण उल्लंघन के आरोप, NGT ने उत्तराखंड सरकार से मांगा जवाब

एफएनएन , देहरादून : उत्तराखंड के सोनप्रयाग-गौरीकुंड-केदारनाथ तीर्थयात्रा कॉरिडोर...
spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img