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‘मोहब्बतों के शहर में बदनाम फिरती हूं’

किरण कैंथवाल ने यह ग़ज़ल सुनाकर सबका मन मोह लिया-"मोहब्बतों के शहर में बदनाम फिरती हूँ, लेकर तेरा नाम सरेआम फिरती हूँ।"

बरेली में हिंदी पखवारे में लेखिका संघ की सरस काव्य गोष्ठी, डॉ. निशा और कमलकांत हुए सम्मानित

एफएनएन ब्यूरो, बरेली। लेखिका संघ के तत्वावधान में हिंदी पखवारे के अंतर्गत शहर के एक होटल में काव्य गोष्ठी आयोजित की गई।गोष्ठी का शुभारम्भ डॉ. निशा शर्मा की सरस माँ वाणी वंदना से हुआ।

बरेली: ‘लेखिका संघ’ की काव्य गोष्ठी में उड़े भक्ति-प्रेम, विरह के रंग

एफएनएन ब्यूरो, बरेली। शहर की सुप्रिसिद्ध साहित्यिक संस्था 'लेखिका संघ' की काव्य गोष्ठी सेंट फ्रांसिस स्कूल के पास श्रीमती उमा शर्मा के आवास पर उन्हीं के संयोजकत्व में संपन्न हुई। अध्यक्षता सुशीला धस्माना मुस्कान ने की। मुख्य अतिथि मीना अग्रवाल रहीं। संचालन का दायित्व वरिष्ठ कवि-गीतकार कमल सक्सेना ने संभाला।