एफएनएन, देहरादून : दून–दिल्ली एक्सप्रेसवे के शुरू होने के बाद बढ़ते ट्रैफिक दबाव को देखते हुए पुलिस अब स्मार्ट प्लानिंग की ओर बढ़ रही है। शहर को जाम से राहत दिलाने के लिए ट्रैफिक विभाग एक खास डेटा एनालिसिस सिस्टम तैयार करने जा रहा है, जो एक्सप्रेसवे से आने-जाने वाले वाहनों की गतिविधियों पर नजर रखेगा।
इस नई व्यवस्था के तहत एंट्री पॉइंट्स पर हर घंटे वाहनों की गिनती की जाएगी। दिन और रात के साथ-साथ पीक टाइम का अलग-अलग रिकॉर्ड तैयार किया जाएगा, ताकि यह समझा जा सके कि किस समय ट्रैफिक सबसे ज्यादा दबाव बनाता है। टोल प्लाजा से मिलने वाले आंकड़ों को भी इस विश्लेषण में शामिल किया जाएगा, जिससे तस्वीर और साफ हो सके।
पुलिस सामान्य दिनों और वीकेंड के ट्रैफिक पैटर्न की तुलना कर एक ऐसा ट्रैफिक प्लान तैयार करेगी, जो शहर की जरूरतों के मुताबिक हो। इस दौरान भारी और हल्के वाहनों का अलग-अलग डेटा तैयार किया जाएगा, जिसके आधार पर भारी वाहनों के शहर में प्रवेश के समय में बदलाव संभव है।
ट्रैफिक की निगरानी को और मजबूत बनाने के लिए ड्रोन तकनीक का भी सहारा लिया जाएगा। ड्रोन से मिलने वाला लाइव फीड सीधे कंट्रोल रूम तक पहुंचेगा, जिससे मौके पर ही फैसले लेकर ट्रैफिक को नियंत्रित किया जा सके।
इसके साथ ही लोगों को ट्रैफिक अपडेट देने के लिए सोशल मीडिया, एफएम रेडियो और शहर में लगे एलईडी बोर्ड का इस्तेमाल किया जाएगा। इसका मकसद यही है कि यात्रियों को पहले से सही जानकारी मिल सके और वे जाम से बचते हुए अपने सफर को आसान बना सकें।





