
एफएनएन, बरेली : गुलाम नबी ने जिस शख्स को अपने घर में आसरा दिया वही उसकी जान का दुश्मन बन गया। पहले चाय में नशा देकर बेहोश किया फिर रात के वक्त करंट लगाकर हत्या की कोशिश करने लगा। आंख खुली तो गुलाम नबी चीखने लगा। लिहाजा आरोपी उस पर चाकू से हमला कर फरार हो गया।
पूरा मामला शाही कस्बा के मोहल्ला मोतीनगर का है, यहां गुलाम नबी अपने परिवार के साथ रहते हैं। अपने एक परिचित इफरात हुसैन उर्फ बाबू खां को घर में रहने के लिए सहारा दिया था। बाबू काफी समय से उसके साथ रह रहा था। मगर मंगलवार की रात उस पर शैतान सवार हो गया। पहले उसने गुलाम नबी को चाय में नशा मिलाकर पिलाया।
जब वह गहरी नींद में सो गया तो उसको करंट लगाने लगा। करंट के झटकों का अहसास होने पर गुलाम नबी की आंख खुली तो उसने चीखना शुरू कर दिया। चीख पुकार सुनकर परिवार के दूसरे लोग भी जाग गए तो बाबू खां चाकू से हमला कर फरार हो गया। गले पर चाकू लगने से गुलाम नबी घायल हुआ है। उसको इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया।
बड़ा सवाल ये खड़ा हो गया है कि आखिर बाबू खां ने ये घातक हरकत क्यों की। वह क्यों गुलाम नबी की जान का दुश्मन बन गया। गुलाम नबी की पत्नी शबाना ने आरोपी के खिलाफ पुलिस को तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराया। अब पुलिस तमाम पहलुओं पर जांच करते हुए आरोपी की तलाश में जुटी है।





