एफएनएन, हरिद्वार : Haridwar में पुलिस ने एक ऐसे आरोपी को गिरफ्तार किया है, जो करीब 16 साल से अपने भाई की हत्या का बदला लेने के लिए कथित हत्यारों की तलाश कर रहा था। पुलिस के मुताबिक आरोपी ने भाई की हत्या में शामिल लोगों के जेल से बाहर आने और हरिद्वार पहुंचने की जानकारी मिलने के बाद कथित तौर पर उनकी हत्या की योजना बनाई थी। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से दो पिस्टल, दो मैगजीन और 10 जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। पुलिस की सक्रियता से संभावित गैंगवार की बड़ी घटना को समय रहते टाल दिया गया।
पुलिस को देखकर भागने लगा संदिग्ध
एसपी सिटी हरिद्वार अभय प्रताप सिंह के मुताबिक, एसएसपी नवनीत सिंह भुल्लर के निर्देश पर संदिग्ध व्यक्तियों और अवैध हथियारों के खिलाफ लगातार चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है।
इसी क्रम में 6 सितंबर को नगर कोतवाली पुलिस की टीम चित्रकूट घाट के पास गश्त कर रही थी। इसी दौरान एक संदिग्ध व्यक्ति पुलिस को देखकर घबरा गया और भागने की कोशिश करने लगा। पुलिसकर्मियों ने घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया।
बैग से बरामद हुए दो पिस्टल और 10 कारतूस
पुलिस ने संदिग्ध के कंधे पर टंगे बैग की तलाशी ली तो उसमें 32 बोर की दो पिस्टल, दो मैगजीन और 10 जिंदा कारतूस मिले। हथियार रखने का लाइसेंस मांगे जाने पर आरोपी कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सका।पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम मनोज कुमार पुत्र महावीर सिंह, उम्र 45 वर्ष, निवासी बुडीना कला, थाना तितावी, मुजफ्फरनगर, उत्तर प्रदेश बताया।
2010 में हुई थी भाई की हत्या
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वर्ष 2010 में उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले में पंचायत चुनाव के दौरान उसके भाई की हत्या कर दी गई थी। इसके बाद से ही वह कथित तौर पर भाई की हत्या का बदला लेने के लिए आरोपियों की तलाश में था।
हरिद्वार में होटल चला रहा था आरोपी
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी अप्रैल 2026 में हरिद्वार आया था। यहां उसने एक आश्रम को लीज पर लेकर होटल के रूप में कारोबार शुरू किया। इसी दौरान उसे कथित तौर पर जानकारी मिली कि उसके भाई की हत्या के आरोपी जेल से बाहर आ चुके हैं और हरिद्वार आने वाले हैं।
इसके बाद उसने कथित रूप से बदला लेने के लिए हथियार जुटाए। हालांकि, इससे पहले कि वह किसी वारदात को अंजाम दे पाता, पुलिस ने उसे हथियारों के साथ गिरफ्तार कर लिया।
आपराधिक इतिहास और हथियारों के स्रोत की जांच
पुलिस अब आरोपी के आपराधिक इतिहास की जानकारी जुटा रही है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि उसके पास बरामद अवैध पिस्टल और कारतूस कहां से आए और इस पूरे मामले में कोई अन्य व्यक्ति शामिल है या नहीं।
आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज
एसपी सिटी अभय प्रताप सिंह के मुताबिक आरोपी के खिलाफ आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। आरोपी को न्यायालय में पेश करने की कार्रवाई की जा रही है। पुलिस मामले की आगे की जांच में जुटी है।







