एफएनएन, अल्मोड़ा : उत्तराखंड में चर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड को लेकर न्याय की मांग एक बार फिर तेज हो गई है। ऑल इंडिया महिला कांग्रेस के पदाधिकारी और कार्यकर्ता न्याय के देवता माने जाने वाले चितई गोल्ज्यू मंदिर पहुंचे, जहां उन्होंने अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने और दोषियों को कड़ी सजा मिलने की प्रार्थना की।
महिला कांग्रेस के प्रतिनिधिमंडल ने मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना कर गोल्ज्यू देवता के समक्ष न्याय की अर्जी लगाई। नेताओं ने कहा कि घटना को हुए काफी समय बीत चुका है, लेकिन पीड़ित परिवार को अब भी पूर्ण न्याय मिलने का इंतजार है। मामले से जुड़े कई सवाल आज भी लोगों के मन में बने हुए हैं, जिससे न्याय प्रक्रिया को लेकर संदेह पैदा हो रहा है।
ऑल इंडिया महिला कांग्रेस की महासचिव Shilpi Arora ने कहा कि इस मामले में राज्य सरकार, पुलिस प्रशासन और जांच एजेंसियों की भूमिका को लेकर लगातार सवाल उठ रहे हैं। उन्होंने मांग की कि मामले की निष्पक्ष, पारदर्शी और स्वतंत्र जांच सुनिश्चित की जाए तथा दोषियों को कानून के तहत कठोरतम सजा दी जाए।
कांग्रेस की सचिव Poonam Pandit ने कहा कि अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने की लड़ाई जारी रहेगी। महिला कांग्रेस इस मुद्दे को हर स्तर पर उठाती रहेगी और तब तक संघर्ष जारी रखेगी जब तक पीड़ित परिवार को पूरी तरह न्याय नहीं मिल जाता।
इस दौरान महिला कांग्रेस नेताओं ने प्रार्थना की कि सत्य की जीत हो, दोषियों को उचित दंड मिले और अंकिता भंडारी के परिवार को न्याय प्राप्त हो। प्रतिनिधिमंडल में वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष Jaya Karnatak, पीसीसी प्रवक्ता Beena Joshi, प्रदेश महामंत्री Sunita Kashyap समेत कई पदाधिकारी मौजूद रहे।
क्या था मामला ?
पौड़ी जिले के यमकेश्वर क्षेत्र स्थित वनंत्रा रिजॉर्ट में रिसेप्शनिस्ट के रूप में कार्यरत अंकिता भंडारी की सितंबर 2022 में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। जांच के दौरान रिजॉर्ट संचालक और उसके सहयोगियों पर हत्या के आरोप लगे, जिसके बाद पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। यह मामला पूरे उत्तराखंड में चर्चा का विषय बना और न्याय की मांग को लेकर लंबे समय तक आंदोलन भी चले।







