एफएनएन, रुद्रप्रयाग : Kedarnath Sanctum केदारनाथ धाम के गर्भगृह से जुड़े वीडियो और रील सोशल मीडिया पर प्रसारित किए जाने का मामला सामने आने के बाद बदरी-केदार मंदिर समिति ने इसे गंभीरता से लिया है। मंदिर समिति के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने कहा कि सोशल मीडिया पर ऐसे वीडियो प्रसारित करने वाले लोगों को चिह्नित किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि मामले के कानूनी और धार्मिक पहलुओं की जांच कराई जा रही है। जांच के दौरान यदि मंदिर से जुड़े किसी व्यक्ति की भूमिका सामने आती है तो उसके खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
सोशल मीडिया पर लाखों बार देखा गया वीडियो
दरअसल, केदारनाथ धाम में इन दिनों बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। इसी बीच सोशल मीडिया पर गर्भगृह से संबंधित कई वीडियो और रील सामने आई हैं। पोस्टर में दी गई जानकारी के अनुसार, एक इंस्टाग्राम अकाउंट से गर्भगृह का वीडियो पोस्ट किया गया, जिसे बड़ी संख्या में लोगों ने देखा।
वीडियो सामने आने के बाद मंदिर समिति ने ऐसे कंटेंट की पहचान शुरू कर दी है। समिति यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि वीडियो किस तरह रिकॉर्ड किए गए और इन्हें सोशल मीडिया तक पहुंचाने में किन लोगों की भूमिका रही।
मोबाइल इस्तेमाल को लेकर पहले से नियम
मंदिर समिति के अनुसार, केदारनाथ और बदरीनाथ धाम में मोबाइल फोन के इस्तेमाल को लेकर पहले से ही व्यवस्थाएं और प्रतिबंध निर्धारित हैं। श्रद्धालुओं के मोबाइल रखने के लिए मंदिर परिसर में लॉकर की व्यवस्था किए जाने की योजना पर भी चर्चा की गई है।
मंदिर समिति अध्यक्ष ने कहा कि यात्रा शुरू होने से पहले गर्भगृह से संबंधित नियम तय किए गए थे। इस बार श्रद्धालुओं की भारी भीड़ के चलते नियमों का उल्लंघन करने वालों को मौके पर चिह्नित करना चुनौतीपूर्ण रहा। अब सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो और पोस्ट की जांच की जा रही है।
धार्मिक और कानूनी पहलुओं की हो रही जांच
पोस्टर में गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर रोक से जुड़े प्रस्ताव का भी दावा किया गया है, हालांकि इस संबंध में कार्रवाई की स्थिति स्पष्ट नहीं है। मंदिर समिति की ओर से फिलहाल गर्भगृह के वीडियो वायरल करने के मामले पर कार्रवाई और जांच की बात कही गई है। संबंधित प्रावधानों और नियमों के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।
15 लाख से ज्यादा श्रद्धालु कर चुके दर्शन
इस वर्ष 22 अप्रैल को केदारनाथ धाम के कपाट श्रद्धालुओं के लिए खोले गए थे। मौसम की चुनौतियों के बीच भी यात्रा जारी है। अब तक 15 लाख 16 हजार से अधिक श्रद्धालु बाबा केदार के दर्शन कर चुके हैं।
बारिश और भूस्खलन के कारण कई बार केदारनाथ पैदल मार्ग पर आवाजाही प्रभावित हुई है, लेकिन इसके बावजूद श्रद्धालुओं की संख्या में लगातार बढ़ोतरी देखने को मिली है।








