
पनाह मांग गईं ज्योति अधिकारी, कुमाऊं भर में ताबड़तोड़ मुकदमें
हल्द्वानी कोर्ट ने खारिज की जमानत याचिका, अब सोमवार को हो सकती है सुनवाई
उत्तराखंड के देवी-देवताओं और महिलाओं पर अभद्र टिप्पणी करने का ज्योति पर है आरोप
समर्थक बोले – बड़बोलापन ठीक नहीं, कुमाऊँ के लोगों से मांफी मांगें सोशल मीडिया इनफ्लुएंसर
एफएनएन, रुद्रपुर : हल्द्वानी की रहने वाली सोशल मीडिया इनफ्लुएंसर ज्योति अधिकारी पर कुमाऊँ भर में ताबड़तोड़ मुकदमे दर्ज हो रहे हैं। कह सकते है कि बेबाक बोलने वाली यह सोशल मीडिया इनफ्लुएंसर अब बुरी फंस गई हैं। हल्द्वानी कोर्ट से आज उनकी जमानत खारिज कर दी गई है। हवाला दिया गया है कि उन्होंने कुमाऊं की महिलाओं और देवी-देवताओं पर अभद्र टिप्पणी करके लोगों की भावनाओं को आहत किया है। वहीं रुद्रपुर सितारगंज खटीमा और अल्मोड़ा पुलिस ने उनके खिलाफ मुकदमे दर्ज किए हैं। मुखानी थाने में ज्योति के खिलाफ वादी को धमकाने के मामले में एक औऱ fir लिखी गई है। कई एक मुकदमे दर्ज होने से इस बात पर संदेह पैदा हो गया है कि ज्योति को जल्द जमानत मिल भी सकेगी या नहीं।
नेता हो या अभिनेता, पत्रकार हो या शिल्पकार, ज्योति ने किसी को नहीं छोड़ा। फेसबुक पर लाइव आकर लोगों को बेज्जत करने के चलते ज्योति सुर्खियां बनी रहती हैं। फेसबुक और इंस्टाग्राम पर उनके फॉलोवर बढ़ने का बड़ा कारण उनका बड़बोलापन भी है। कुछ दिन पहले ही वह अपने घर के सामने रहने वाले कुछ किसानों से भिड़ गई थीं। गांव वालों ने उनका तीखा विरोध भी किया था। बाद में पुलिस ने मध्यस्थता कर मामला शांत कराया था। इसके बाद आए दिन उनकी फेसबुक पर अन्य सोशल मीडिया इनफ्लुएंसर से जुबानी जंग चलती रहती है। कोई उनको बदजुबानी पर रोकता तो कोई उनके बड़बोलेपन पर अपना गुस्सा उतरता।
हाल ही में अंकिता भंडारी हत्याकांड में vvip का नाम सुर्खियों में आया तो ज्योति अधिकारी दराती लेकर हल्द्वानी के बुद्ध पार्क में प्रदर्शन को पहुंच गईं। वहां उन्होंने अपने अंदाज में सत्ताधारी नेताओं, कुमाऊं की महिलाओं के साथ ही देवी देवताओं तक पर तंज कस दिए। बात यहीं पर नहीं रुकी, ज्योति अधिकारी देहरादून पहुंची तो मुख्यमंत्री धामी को ही फुस्स बता दिया। अब ज्योति का बड़बोलापन आपे से बाहर होता जा रहा था। इसी को लेकर लोग सामने आए और पहला मुकदमा जूही की ओर से हल्द्वानी के मुखानी थाने में लिखा गया। पुलिस ने उन्हें गुरुवार को मुखानी बुलाया और लंबी पूछताछ के बाद जेल भेज दिया। शुक्रवार को उनकी जमानत याचिका हल्द्वानी कोर्ट से खारिज हो गई। इसके साथ ही रुद्रपुर, सितारगंज और खटीमा के अलावा अल्मोड़ा में भी ताबड़तोड़ मुकदमे दर्ज होना शुरू हो गए। मुखानी थाने में उनके खिलाफ वादी को डराने धमकाने के आरोप में एक और मुकदमा दर्ज कर लिया गया।
इधर, ज्योति का कहना है कि डरना नहीं है, डराने की फुल कोशिश की जा रही है, पुलिस को केस का रुख कहीं और मोड़ना है तो उनको निशाना बनाया जा रहा है। ऐसे में उन्हें चाहें कोर्ट ले जाएं या कचहरी, इंसाफ की लड़ाई न रुकी है और न रुकेगी। यह भी कहा कि मर भी जाऊंगी पर पीछे नहीं हटूंगी।
आपको बता दें कि ज्योति अधिकारी हल्द्वानी के हरिपुर लालमणि की रहने वाली है और उनके पति का नाम गोपाल सिंह अधिकारी है। फेसबुक पर उनके ढाई लाख और इंस्टाग्राम पर एक लाख से भी ज्यादा फॉलोअर हैं।
कुल मिलाकर ज्योति अधिकारी अब बुरी फंस गई हैं। देखना होगा कि जेल से बाहर आने के बाद उनका यह अंदाज या बडबोलापन बना रहता है या फिर नहीं।





