एफएनएन, रोहतक: रोहतक की सुनारिया जेल में साध्वियों से यौन शोषण और पत्रकार हत्या मामले में आजीवन कारावास की सजा काट रहे डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम एक बार फिर पैरोल पर जेल से बाहर आ गए हैं. सोमवार को वह साढ़े 11 बजे सिरसा स्थित डेरा सच्चा सौदा मुख्यालय के लिए रवाना हुए.
काफिले में रवाना हुए सिरसा: राम रहीम को लेने के लिए सिरसा डेरे से लग्जरी गाड़ियों का काफिला सुनारिया जेल पहुंचा था. काफिले में दो बुलेट प्रूफ लैंड क्रूजर, दो फॉर्च्यूनर समेत कुल छह वाहन शामिल थे. राम रहीम को लेने परिजनों के साथ हनीप्रीत भी पहुंची थी. कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच राम रहीम को जेल से बाहर निकाला गया और सीधे सिरसा के लिए रवाना किया गया.
इस बार सिरसा डेरा में ही रहेंगे राम रहीम: राम रहीम उत्तर प्रदेश के बागपत स्थित बरनावा आश्रम इस बार नहीं जाएंगे. पूरी पैरोल अवधि सिरसा डेरे में ही बिताएंगे. ऐसे में सिरसा में डेरा परिसर और आसपास के इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है, ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे.
15वीं बार पैरोल या फरलो पर बाहर: यह 15वीं बार है, जब राम रहीम पैरोल या फरलो पर जेल से बाहर आए हैं. इससे पहले 15 अगस्त को जन्मदिन मनाने के लिए भी वह जेल से बाहर आए थे. जनवरी में दिल्ली विधानसभा चुनाव से ठीक पहले राम रहीम को 30 दिनों की पैरोल मिली थी.
2017 से जेल में बंद है राम रहीम: डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम 25 अगस्त 2017 से जेल में बंद है. उस दिन सीबीआई कोर्ट ने राम रहीम को दो साध्वियों के यौन शोषण मामले में 20 साल की सजा सुनाई थी. इसके बाद 17 जनवरी 2019 को पत्रकार रामचंद्र छत्रपति हत्याकांड में राम रहीम को उम्र कैद की सजा मिली थी.
प्रशासन अलर्ट पर: राम रहीम की रिहाई को देखते हुए सिरसा और आसपास के इलाकों में प्रशासन अलर्ट मोड पर है. पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी लगातार हालात पर नजर बनाए हुए हैं, ताकि किसी भी तरह की कानून-व्यवस्था की समस्या न हो.







