एफएनएन, देहरादून: उत्तराखंड में आज का शनिवार राजनीतिक घमासान का शनिवार है. अक्सर चुनाव से पहले आपने नेताओं को बीजेपी में शामिल होते देखा होगा. आज आप उत्तराखंड के कई बड़े नेताओं को कांग्रेस में शामिल होते देखेंगे. इन नेताओं में कोई पूर्व विधायक है तो कोई पूर्व मेयर और ब्लॉक प्रमुख हैं. हालांकि अभी न तो कांग्रेस ने पार्टी में शामिल होने वाले नेताओं की लिस्ट जारी की है, और न ही उन नेताओं ने ऐसा कोई बयान दिया है. लेकिन जिनके नामों की चर्चा चल रही है वो राजनीति में दिलचस्पी रखने वाले लोगों की जुबान पर हैं.
उत्तराखंड में आज बड़ा सियासी उलटफेर: आज शनिवार 28 मार्च का दिन उत्तराखंड कांग्रेस के लिए बेहद खास रहने वाला है. ऐसी चर्चा है कि विधानसभा चुनाव 2027 से पहले राज्य के 6 बड़े नेता कांग्रेस ज्वाइन करने वाले हैं. जिन नेताओं की कांग्रेस ज्वाइन करने की चर्चा है वो उत्तराखंड की 6 महत्वपूर्ण विधानसभा सीटों से जुड़े हैं. यानी कांग्रेस विधानसभा चुनाव 2027 के 9 महीने पहले ही विधानसभा सीटों पर फील्डिंग सेट करने की तैयारी कर चुकी है.
6 बड़े बीजेपी और निर्दलीय नेता कांग्रेस ज्वाइन करेंगे: सूत्रों के अनुसार इन 6 नेताओं और 6 विधानसभा सीटों में गढ़वाल मंडल से तीन तो कुमाऊं मंडल से भी तीन सीटें शामिल हैं. गढ़वाल मंडल से उत्तरकाशी जिले की घनसाली विधानसभा सीट पर सक्रिय पूर्व विधायक भीमलाल आर्या, मसूरी विधानसभा सीट पर सक्रिय पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष अनुज गुप्ता और रुड़की विधानसभा सीट पर सक्रिय पूर्व मेयर गौरव गोयल आज कांग्रेस में शामिल हो सकते हैं. इनमें कुछ बीजेपी से हैं तो कुछ निर्दलीय हैं. दिलचस्प बात ये है कि अभी हफ्ते भर पहले ही रुड़की के विधायक प्रदीप बत्रा उत्तराखंड के कैबिनेट मंत्री बनाए गए हैं.
कुमाऊं मंडल से ये नेता ज्वाइन कर सकते हैं कांग्रेस: उधर कुमाऊं मंडल के भीमताल विधानसभा क्षेत्र में सक्रिय पूर्व ब्लॉक प्रमुख और बीजेपी के जुझारू नेता लाखन सिंह नेगी, सितारगंज से पूर्व विधायक और बसपा नेता नारायण पाल और रुद्रपुर से पूर्व विधायक और बीजेपी नेता राजकुमार ठुकराल के भी कांग्रेस का हाथ थामने की चर्चा है. गौरतलब है कि अभी 20 मार्च को ही भीमताल से विधायक राम सिंह कैड़ा कैबिनेट मंत्री बनाए गए हैं.
कहां होगी ज्वाइनिंग? दिलचस्प बात ये है कि इन नेताओं की ज्वाइनिंग दिल्ली में होगी. दरअसल उत्तराखंड कांग्रेस ने एक नया ट्रेंड सेट किया है. जब अंकिता भंडारी मामले पर कांग्रेस को प्रेस कॉन्फ्रेंस करनी थी तो तब भी उन्होंने स्थान दिल्ली चुना था. आज जब उत्तराखंड के 6 बड़े नेताओं के कांग्रेस ज्वाइन करने की चर्चा है तो तब भी ये कार्यक्रम दिल्ली में होने जा रहा है. ऐसी चर्चा है कि कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल के साथ पार्टी के राष्ट्रीय स्तर के नेता भी इस मौके पर मौजूद रहेंगे.
इसका 2027 के विधानसभा चुनाव पर क्या असर हो सकता है? राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि जब ये 6 विधानसभा सीटों से जुड़े नेता कांग्रेस ज्वाइन करेंगे तो उनके साथ जुड़े लोग भी कांग्रेस में आएंगे. ऐसे में राज्य के 6 बड़े नेताओं की कांग्रेस में ज्वाइनिंग निश्चित रूप से बीजेपी के लिए बड़ी परेशानी बन सकती है. हालांकि बीजेपी भी पलटवार के लिए जानी जाती है और आने वाले दिनों में वो इससे भी बड़ी ज्वाइनिंग करके हिसाब बराबर कर सकते हैं.
गौरतलब है कि उत्तराखंड के 6 बड़े नेताओं की कांग्रेस में ज्वाइनिंग उस समय हो रही है, जब मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी दिल्ली दौरे पर हैं. शुक्रवार को ही सीएम धामी ने पीएम मोदी से मुलाकात की थी.





