
एफएनएन, रुद्रपुर: उधम सिंह नगर जिला मुख्यालय रुद्रपुर के ट्रांजिट कैंप थाना क्षेत्र में सोमवार 12 जनवरी सुबह मजदूर की सड़क किनारे लाश मिली थी. पुलिस को ये मामला संदिग्ध लग रहा था. पुलिस ने जांच की तो मामला हत्या का निकाला, जिसका पुलिस ने 24 घंटे के भीतर खुलासा किया. मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है.
पुलिस ने आरोपियों से वारदात में इस्तेमाल किए गये बांस के डंडे भी बरामद किए हैं. एसएसपी ने प्रेस कांफ्रेस कर बताया कि 12 जनवरी 2026 को थाना ट्रांजिट कैम्प में पवन कुमार (पुत्र दीनानाथ निवासी आज़ादनगर वार्ड नंबर चार) ने लिखित तहरीर दी थी. तहरीर ने पवन कुमार ने बताया था कि सिडकुल रोड पर स्थित हनुमान मंदिर के पास उनके ससुर पप्पू वर्मा (पुत्र स्वर्गीय फतेह बहादुर वर्मा) के साथ अज्ञात व्यक्तियों ने मारपीट की थी. मारपीट के बाद आरोपियों उनके ससुर पप्पू वर्मा को सड़क किनारे फेंक दिया था. आरोप है कि मारपीट से घायल हुए पप्पू वर्मा की मौके पर ही मृत्यु हो गई.
घटना की गंभीरता को देखते हुए एसएसपी उधम सिंह नगर के निर्देश पर तत्काल मुकदमा दर्ज कर ट्रांजिट कैंप पुलिस ने मामले की जांच शुरू की. पुलिस ने आरोपियों का पता लगाने के लिए इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली. काफी खोजबीन और जांच पड़ताल के बाद पुलिस को आरोपियों के बारे में कुछ अहम सुराग हाथ लगे.
पुलिस द्वारा जांच में जुटाए गए साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने सिडकुल रोड स्थित रिद्धि-सिद्धि के पास से तीन आरोपियों को रात करीब 10.35 बजे गिरफ्तार किया. पुलिस की गिरफ्त में आए आरोपियों के नाम योगेश पांडे (28 वर्ष), सुजीत सरोज (19 वर्ष) और अबू तालीब (21 वर्ष) शामिल हैं. तीनों आरोपी वर्तमान में थाना ट्रांजिट कैम्प क्षेत्र में रहकर काम कर रहे थे. पुलिस ने इनके कब्जे से घटना में प्रयुक्त बांस के डंडे भी बरामद किए हैं. पूछताछ के दौरान आरोपियों ने मारपीट की घटना में शामिल होना स्वीकार किया है.
पुलिस के अनुसार, ट्रांजिट कैम्प क्षेत्र में स्क्रैप का एक गोदाम था, वहां पप्पू वर्मा घुस गया था. आरोपी गोदाम में ही काम करते हैं. वहां पप्पू को घुसा देख तीनों ने उसके साथ मारपीट की और फिर पप्पू वर्मा को पास में सड़क किनारे छोड़ दिया. वहां घायल अवस्था में पड़े रहने से उसकी मौत हो गई.





