03
Gemini_Generated_Image_yb399pyb399pyb39
previous arrow
next arrow
Shadow

लोस चुनाव से पहले OPS की मांग कर रहे कर्मचारियों के बदले सुर, चुनावी तैयारियों पर फेर सकते हैं पानी

Spread the love

एफएनएन, अल्मोड़ा : इस बार लोकसभा चुनाव (Lok Sabha Election) में पुरानी पेंशन की मांग कर रहे कर्मचारियों के सुर बदले हुए हैं। वह किसी भी दल के झांसे में आने के मूड में नहीं दिख रहे हैं। प्रदेश में करीब 92 हजार कर्मचारी है जो पुरानी पेंशन बहाली की मांग कर रहे हैं। यह कर्मचारी बीते कई वर्षों से आंदोलनरत है।

चुनाव को लेकर अब कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर बोलने लगे हैं। उनका साफ कहना है कि चुनाव में खड़े जो दल पुरानी पेंशन बहाली की घोषणा को अपने पत्र में शामिल नहीं करते तो प्रदेश के कर्मचारी उनको वोट नहीं करेंगे। उनके परिवारजन भी उसी पार्टी को वोट करेंगे जो उनकी बातें सुनेगा। इसके लिए बकायदा उन्होंने पोस्टर भी जारी किया है। पोस्टर के जरिए वह अपने कर्मचारियों एकजुट करने की अपील कर रहे

लोकसभा चुनावों के दौरान पुरानी पेंशन बहाली मंच भी सक्रिय हो गया है। 92 हजार कर्मचारियों में से करीब छह हजार कर्मचारियों को नई सरकार में नियुक्ति मिली है। संगठन ने कर्मचारियों को जागरुक करने के लिए बकायदा पोस्टर निकाल अंदरखाने प्रचार भी करना शुरू कर दिया है।

सबसे पहले इसकी शुरुआत कर्मचारी अपने घर से कर रहे है। कर्मचारियों की अंदरखाने की तैयारी व खामोशी किसी भी दल के सियासी समीकरण को बिगाड़ सकती है। अब राष्ट्रीय दलों के घोषणा पत्र का इंतजार है।

WhatsApp Image 2023-12-18 at 2.13.14 PM
IMG-20260328-WA0026
previous arrow
next arrow

कर्मचारियों ने लगाया स्टेटस

पुरानी पेंशन बहाली को लेकर कर्मचारी एकजुट है। उन्होंने अपने मोबाइल के स्टेटस में वोट फार ओपीएस का लोगो लगाया हुआ था। चुनाव के दौरान कर्मचारी आंदोलन तो नहीं कर सकते है। लेकिन उन्होंने अपनी मंशा जाहिर कर दी है। ओपीएस से जुड़े हजारों कर्मचारी इंटरनेट मीडिया के माध्यम से मांगों को रख रहे हैं।

WhatsAppImage2024-02-11at73136PM
WhatsAppImage2024-02-11at73136PM
previous arrow
next arrow
Shadow

ओपीएस बनी एनपीएस

पुरानी पेंशन योजना यानी ओपीएस में सरकार वर्ष 2004 से पहले कर्मचारियों को रिटायरमेंट के बाद एक निश्चित पेंशन देती थी। यह पेंशन कर्मचारी के रिटायरमेंट के समय उनके वेतन पर आधारित होती थी।

इस स्कीम में रिटायर हुए कर्मचारी की मौत के बाद उनके स्वजनों को भी पेंशन दी जाती थी। यह बंद कर राष्ट्रीय पेंशन योजना शुरू कर दी है। जिसके बाद यह सुविधा बंद हो गयी। नई योजना पेंशन-कम-इंवेस्टमेंट योजना है। जिसके जरिए आपको रिटारमेंट के लिए बचत करनी होगी।

Hot this week

Lalkuan : रेत से भरे डंपर में दबकर मजदूर की दर्दनाक मौत, जेसीबी चालक की लापरवाही बनी जानलेवा

एफएनएन, हल्द्वानी : Lalkuan उत्तराखंड के लालकुआं में एक दर्दनाक...

Kanwar Yatra : देहरादून में जाम रोकने के लिए ट्रैफिक पुलिस का बड़ा प्लान

एफएनएन, देहरादून : Kanwar Yatra के दौरान देहरादून शहर...

केद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने आज अपने पद से दिया इस्तीफा

एफएनएन, दिल्ली : केद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने...

Topics

केद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने आज अपने पद से दिया इस्तीफा

एफएनएन, दिल्ली : केद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने...
spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img